शहडोल। कोयलांचल के धनपुरी में एक महिला में कोरोना के लक्षण मिलने से हड़कंप की स्थिति बन गई। महिला को इलाज के लिए जिला अस्पताल के कोरोना वार्ड में आइसोलेट किया गया। बाद में स्थिति बिगड़ते देख जबलपुर के लिए पति -पत्नी को रैफर कर दिया है। उधर महिला के पति में भी कोरोना के लक्षण मिले हैं। दोनों का जिला अस्पताल में पहली बार सैंपल लिया गया। धनपुरी निवासी एक महिला को पिछले कई दिनों से सर्दी-खांसी के साथ बुखार था। शनिवार सुबह अचानक उसे सांस लेने में दिक्कत और धबराहट होने लगी तो पति और पत्नी दोनों जिला अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने महिला की जांच की तो उसमें कोरोना के लक्षण मिले। बताया गया कि, पति सऊदी अरब से लौटा था। इसलिए डॉक्टरों ने दोनों का सैंपल लिया। दोनों लोग कोरोना की क्राइटेरिया में आ रहे थे। दोनों को टीम की निगरानी में जबलपुर के लिए भेजा है।
जबलपुर भी पहुंचा था युवक, अब रिपोर्ट का इंतजार
जानकारी के अनुसार पति सऊदी अरब में रह रहा था। कोरोना की महामारी फैलने के बाद वह करीब एक माह पहले सऊदी अरब से धनपुरी लौटा था। इस दौरान वह जबलपुर भी गया था। महिला में कोरोना के लक्षण मिलने और पति-पत्नी को जबलपुर रैफर किए जाने के बाद प्रशासन भी तत्काल हरकत में आ गया है। डॉक्टरों की टीम अब दोनों की जांच रिपोर्ट का इंतजार था।
5 किमी का एरिया सील, पहुंचे कलेक्टर, कराया सैनिटाइज
प्रशासन ने महिला के घर के साथ पूरे क्षेत्र को सैनिटाइज करते हुए बैरिकेटेड कर दिया है। कलेक्टर के साथ प्रशासनिक अमला धनपुरी पहुंच गया है। महिला के घर को प्रशासन ने सैनिटाइज कराया। इसके बाद पहले दो किलोमीटर एरिया में सैनिटाइज कराया गया और बैरिकेड कराया गया। फिर पंाच किलोमीटर एरिया को सैनिटाइज कराया गया और उसे बैरिकेड कराया गया। इस दौरान क्षेत्र के हर घर के सदस्यों की स्क्रीनिंग की गई और उन्हें होमआइसोलेशन में रखा गया है। इससे पहले भी दो लोग कोरोना के संदिग्ध मिले थे लेकिन वह कोरोना की क्राइटेरिया में नहीं आ रहे थे। इस पर उनका सैंपल जांच के लिए नहीं भेजा गया था। दोनों को कोरोना वार्ड में आइसोलेशन में रखा गया था। इसमें एक व्यक्ति ठीक हो गया है जबकि अभी दूसरा अभी भी भर्ती है।
डॉक्टर ने सामान्य मानकर की जांच, खुद को किया आइसोलेट
बताया गया कि महिला सुबह अस्पताल में इलाज कराने पहुंची थी। यहां पर डॉक्टरों ने सामान्य मानकर इलाज शुरू कर दिया था। बाद में हालत बिगड़ी तो डॉ धमेन्द्र द्विवेदी ने खुद पहुंचकर जांच की। यहां डॉ धमेन्द्र महिला के संपर्क में भी आए थे। कोरोना के लक्षण मिलने के बाद दोपहर में डॉ धमेन्द्र ने खुद को भी आइसोलेट कर लिया है। इसके अलावा अब पूरे अस्पताल में हड़कंप की स्थिति है। अस्पताल में देखा जा रहा है कि डॉ धमेन्द्र और महिला कितने लोगों के संपर्क में आई है। उन सभी को आइसोलेट किया जा रहा है।
अब सचेत हो जाइए, क्योकि ये स्थितियां हैं गंभीर
- पहले १२ लोग होमआइसोलेशन में थे। अब यह आंकड़ा दो सौ के पार हो गया है।
- पहली बार जिला अस्पताल में दो लोगों का शनिवार को सैंपल भेजा गया है।
- पहली बार शहडोल से कोरोना के लक्षण मिलने पर दो पति पत्नी को रैफर किया गया है।
- पहली बार महिला के संपर्क में आए डॉक्टर ने खुद को आइसोलेट किया है।
- चार दिन पहले दो मरीजों को पहली बार जिला अस्पताल में आइसोलेट किया जा चुका ।
महिला तथा उसके पति को कोरोना नही है
आपको बतादे की उक्त महिला की मौत जबलपुर में हो चुकी है।अर्थात महिला तथा उसका पति कोरोना से ग्रस्त नहीं है। उल्लेखनीय बात यह है कि इस मामले में पूरे शहडोल में दहशत का माहौल व्याप्त था। इसके चलते कलेक्टर सतेंद्र सिंह तथा पुलिस अधीक्षक सत्येंद्र शुक्ला अपने अमले के साथ पूरे शहडोल में खुद अनवरत दौरा कर रहे है। शहर में पूरी तरह शांति है, स्थिति कंट्रोल में बताई गई है, फिर भी पूरा एहतियात बरता जा रहा है।
शनिवार की दोपहर जिला चिकित्सालय में भर्ती हुई धनपुरी नगर पालिका की वार्ड नंबर 24 में रहने वाली उक्त महिला की आज रविवार की सुबह 4 बजकर 30 मिनट पर मौत हो गई, इस मामले में कल से अब तक यह माना जा रहा था कि महिला कोरोना वॉयरस से ग्रसित है और उसे कोविड-19 नामक बीमारी हो गई है। चूंकि महिला के सैंपल की जांच रिपोर्ट नहीं आई थी, इस कारण एहतियात के तौर पर पुलिस और जिला प्रशासन पूरी तरह से सतर्कता बरत रहा था, अभी से कुछ देर पहले इंडियन कॉउनसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट जबलपुर से आई रिपोर्ट के बाद स्वास्थ्य विभाग शहडोल ने इस बात का खुलासा किया कि महिला की रिपोर्ट निगेटिव आई है। महिला कोरोना वॉयरस से ग्रसित नहीं थी।

